सुपौल। विश्व हाथ स्वच्छता दिवस के अवसर पर तेजेन्द्र हाईस्कूल, बरुआरी में एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्र-छात्राओं को हाथों की स्वच्छता के महत्व और उससे होने वाले स्वास्थ्य लाभ के प्रति जागरूक करना था।
स्वास्थ्य एवं शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम को पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल इंडिया और केनव्यू के सहयोग से ‘डायरिया से डर नहीं’ अभियान के तहत संचालित किया गया। इसमें स्कूल के छात्र-छात्राओं, शिक्षक-शिक्षिकाओं और शिक्षकेत्तर कर्मियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।
कार्यक्रम के दौरान PSI इंडिया के प्रतिनिधि प्रदीप कुमार सिन्हा और सतीश कुमार ने बच्चों को हाथ धोने के सही तरीके के बारे में सरल और प्रभावी ढंग से जानकारी दी। उन्होंने छह चरणों में हाथों की सफाई की प्रक्रिया समझाई—पहले साबुन-पानी से झाग बनाकर हथेलियों को रगड़ना, फिर हाथों के उल्टे हिस्से को साफ करना, उसके बाद मुट्ठी बंद कर घिसना, अंगूठों को अच्छी तरह रगड़ना, नाखूनों की सफाई करना और अंत में कलाइयों को साफ करना।
इस दौरान बच्चों को इन सभी चरणों का व्यावहारिक अभ्यास भी कराया गया, जिससे वे सही तरीके से हाथ धोने की आदत विकसित कर सकें। वक्ताओं ने बताया कि नियमित और सही तरीके से हाथ धोने से डायरिया सहित कई संक्रामक बीमारियों से बचाव संभव है। कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया, जो उनके स्वस्थ भविष्य के लिए बेहद जरूरी है।

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