सुपौल। जिले में घरेलू एलपीजी गैस उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर है। जिन उपभोक्ताओं का ई-केवाईसी (e-KYC) अब तक नहीं हो पाया है, उन्हें अब गैस एजेंसी जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। विभिन्न तेल कंपनियों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, उपभोक्ता घर बैठे मोबाइल ऐप के जरिए ही अपना ई-केवाईसी पूरा कर सकते हैं।
इंडियन ऑयल (इंडेन) के उपभोक्ता IndianOil ONE App, हिन्दुस्तान पेट्रोलियम (एचपी) के उपभोक्ता HP Pay App तथा भारत पेट्रोलियम (भारत गैस) के उपभोक्ता Hello BPCL App के माध्यम से आसानी से ई-केवाईसी करा सकते हैं।
जिला प्रशासन के अनुसार, वर्तमान में जिले के गैस एजेंसियों के पास लगभग 12,479 गैस सिलेंडर उपलब्ध हैं, जबकि आज 1008 अतिरिक्त सिलेंडर मिलने की संभावना है। 12 अप्रैल को करीब 5988 उपभोक्ताओं को गैस की आपूर्ति की गई, जबकि अभी भी 22,552 उपभोक्ताओं को बुकिंग के आधार पर गैस उपलब्ध कराई जानी है।
जिले की 61 गैस एजेंसियों में से फिलहाल 46 एजेंसियों पर गैस उपलब्ध है, जबकि शेष एजेंसियों पर जल्द आपूर्ति होने की उम्मीद जताई गई है। आपूर्ति व्यवस्था की निगरानी के लिए प्रशासन द्वारा लगातार छापेमारी और जांच अभियान भी चलाया जा रहा है। अब तक 27 होटलों एवं प्रतिष्ठानों में घरेलू गैस के व्यावसायिक उपयोग की जांच की गई है और अवैध उपयोग के आरोप में तीन प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी हैं।
पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति को भी सामान्य बनाए रखने के लिए प्रशासन सक्रिय है। अब तक 5 पेट्रोल पंपों का औचक निरीक्षण किया जा चुका है। प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और जरूरत के अनुसार ही गैस व ईंधन का उपयोग करें।
इसके साथ ही, समाहरणालय परिसर स्थित जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय में जिला नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है, जहां गैस आपूर्ति से संबंधित शिकायतों और जानकारी के लिए 06473-224005 नंबर जारी किया गया है। 13 अप्रैल को अब तक 3 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनका समाधान कर दिया गया है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में LPG गैस, पेट्रोल और आवश्यक वस्तुओं की कोई कमी नहीं है। कालाबाजारी और जमाखोरी पर रोक लगाने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है। साथ ही वैवाहिक कार्यक्रमों के लिए वाणिज्यिक गैस की आपूर्ति भी सुनिश्चित की जा रही है।

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