सुपौल। कोसी क्षेत्र में संभावित बाढ़ को लेकर कांग्रेस ने शनिवार को जिला कांग्रेस कार्यालय में "कोसी आपदा-पूर्व समीक्षा बैठक सह जनसुनवाई" आयोजित की। बैठक की अध्यक्षता कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता सह सुपौल जिला कांग्रेस अध्यक्ष अनुपम ने की। इसमें बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के प्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाग लेकर आपदा प्रबंधन की तैयारियों पर चर्चा की और कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
बैठक को संबोधित करते हुए अनुपम ने कहा कि कोसी क्षेत्र हर वर्ष बाढ़ की गंभीर त्रासदी झेलता है, जिससे लाखों लोगों का जीवन प्रभावित होता है और हजारों परिवारों को विस्थापन का सामना करना पड़ता है। किसानों, मजदूरों और व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि हर साल राहत कार्यों की घोषणा होती है, लेकिन आपदा आने से पहले पर्याप्त तैयारी नहीं की जाती। उन्होंने कांग्रेस शासनकाल में गठित कोसी पीड़ित विकास प्राधिकार को पुनः सक्रिय करने की मांग करते हुए कहा कि समय रहते प्रभावी तैयारी से जान-माल की क्षति को काफी हद तक रोका जा सकता है।
जनसुनवाई के दौरान लोगों ने तटबंधों की जर्जर स्थिति, राहत शिविरों की अधूरी तैयारी और बाढ़ पूर्व संसाधनों की कमी का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। प्रतिभागियों ने संवेदनशील क्षेत्रों में नाव, दवाइयां, खाद्यान्न, पशु चारा, पेयजल और राहत सामग्री पहले से उपलब्ध कराने, आधुनिक पूर्व चेतावनी प्रणाली विकसित करने तथा स्कूलों, पंचायत भवनों और सामुदायिक भवनों को राहत शिविर के रूप में तैयार रखने की मांग की।
बैठक में सर्वसम्मति से तटबंधों की तत्काल तकनीकी जांच और मरम्मत, एनडीआरएफ एवं एसडीआरएफ की पर्याप्त टीमों की तैनाती, किसानों की फसल और संपत्ति के नुकसान का पारदर्शी सर्वे कर शीघ्र मुआवजा देने की मांग की गई। साथ ही तटबंध निर्माण और मरम्मत कार्यों की उच्चस्तरीय जांच कर दोषी अधिकारियों एवं संवेदकों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग भी उठाई गई।
कांग्रेस नेताओं ने कोसी क्षेत्र के लिए राष्ट्रीय स्तर की सिल्ट प्रबंधन नीति बनाने, वैज्ञानिक सर्वेक्षण के आधार पर ड्रेजिंग कराने तथा निकाली गई सिल्ट का उपयोग सड़क और तटबंध निर्माण जैसे विकास कार्यों में करने का सुझाव दिया। नेपाल के साथ जल प्रबंधन और सूचना साझाकरण को और प्रभावी बनाने तथा कोसी क्षेत्र के लिए विशेष विकास एवं पुनर्वास पैकेज की मांग भी की गई।
जनसुनवाई में पुनर्वास के लिए आवंटित भूमि पर अवैध कब्जों का मुद्दा भी उठा। कांग्रेस ने विशेष सर्वे कर अतिक्रमण हटाने, वास्तविक विस्थापित परिवारों को प्राथमिकता के आधार पर भूमि उपलब्ध कराने तथा पूरी प्रक्रिया की निगरानी के लिए जिला स्तरीय विशेष समिति गठित करने की मांग की।
बैठक के अंत में अनुपम ने कहा कि यह जनसुनवाई कोसी क्षेत्र की जनता की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार समय रहते बाढ़ से निपटने के लिए ठोस कदम नहीं उठाती है, तो कांग्रेस जनता के साथ मिलकर व्यापक जनआंदोलन चलाएगी।
कार्यक्रम का संचालन वरीय कांग्रेस नेता नरेश मिश्र ने किया। बैठक में भुवनेश्वर यादव, सत्यनारायण प्रसाद, परमेश्वरी यादव, सुशील यादव, इन्द्रनारायण सिंह, प्रेमनाथ झा सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता एवं सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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