सुपौल। पिपरा क्षेत्र में युवाओं में बढ़ती नशा की प्रवृत्ति और इसके कारण हो रही अप्रिय घटनाओं व दुर्घटनाओं के विरुद्ध सामाजिक संकल्प लेने को लेकर बाबा बुलंदी स्थान तेतराही, पिपरा में प्रबुद्ध लोगों की बैठक आयोजित की गई। नशा के विरुद्ध इस संकल्प सभा का आयोजन शुक्रवार को बाबा बुलंदी स्थान जन जागरण समिति तेतराही, पिपरा के अध्यक्ष पंकज कुमार के नेतृत्व में किया गया। बैठक की अध्यक्षता अंचल अधिकारी उमा कुमारी ने की।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में अंचल अधिकारी उमा कुमारी ने खासकर युवाओं में बढ़ती सूखा नशा की प्रवृत्ति पर गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि बिहार में वर्ष 2016 में नशाबंदी कानून लागू किया गया, जिसे लगभग 10 वर्ष पूरे होने वाले हैं, लेकिन नशा जैसी सामाजिक कुरीति पर अब तक पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका है। युवाओं में सूखा नशा के प्रति बढ़ती लत आने वाली पीढ़ी को बर्बादी की ओर ले जा रही है। उन्होंने कहा कि इस बुराई के खिलाफ केवल प्रशासनिक स्तर पर ही नहीं, बल्कि सामाजिक स्तर पर भी एकजुट होकर लड़ाई लड़ने की जरूरत है।
राजद नेता प्रदीप यादव ने नशाबंदी की विफलता के लिए प्रशासनिक तंत्र को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि यदि पुलिस और संबंधित एजेंसियां ईमानदारी से काम करें, तो नशे के सप्लायर इतनी संख्या में पैदा ही नहीं होंगे।
एलआईसी के डीओ जागेश्वर मेहरा ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि नशा मुक्ति के लिए प्रशासन के साथ-साथ सामाजिक स्तर पर भी टीम बनाकर जागरूकता अभियान चलाना आवश्यक है।
बैठक में एसआई काजल कुमारी, भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष राजकुमार पोद्दार, पूर्व मुखिया रामचंद्र चौधरी, राजद नेता कारी प्रसाद यादव, प्रखंड कांग्रेस अध्यक्ष जगदीश विश्वास, अजय विक्रम सिंह, शिव शंकर झा उर्फ बुच्चन झा, गिरधारी मुखिया, मोहम्मद आलम सहित कई अन्य लोगों ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
बैठक में मौजूद लोगों ने नए वर्ष में इस सामाजिक पहल के लिए बाबा बुलंदी स्थान जन जागरण समिति के अध्यक्ष पंकज कुमार की सराहना की। अंत में अध्यक्ष पंकज कुमार ने उपस्थित सभी प्रबुद्धजनों का आभार व्यक्त करते हुए सभी को स्वयं नशा न करने और समाज में फैली इस कुरीति के खिलाफ सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प दिलाया। बैठक में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।

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