सुपौल। प्रतापगंज प्रखंड संसाधन केंद्र, प्रतापगंज सभागार में आयोजित दो दिवसीय गैर-आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शनिवार को सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। प्रशिक्षण का आयोजन कक्षा 4, 5 एवं 6 के विद्यार्थियों के लिए संचालित की जाने वाली एफएलएन (Foundational Literacy and Numeracy) गतिविधियों के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर किया गया।
प्रशिक्षण के प्रथम दिन सीआरसीसी तथा दूसरे दिन प्रखंड के सभी प्राथमिक एवं मध्य विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस दौरान एफएलएन कार्यक्रम के उद्देश्यों, बुनियादी साक्षरता, संख्यात्मक दक्षता तथा भाषा शिक्षण की प्रभावी पद्धतियों पर विस्तार से जानकारी दी गई।
प्रशिक्षकों ने बताया कि एफएलएन का मुख्य उद्देश्य ऐसे बच्चों में बुनियादी साक्षरता, भाषा एवं गणितीय दक्षता का विकास करना है, जो पढ़ने, लिखने और गणना करने में अपेक्षित स्तर से पीछे हैं। यह कार्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत संचालित निपुण भारत मिशन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। कार्यक्रम का संचालन शैक्षणिक सत्र 2026-27 तक किया जाएगा तथा सभी विद्यालयों में विशेष रूप से कक्षा 4, 5 एवं 6 के कमजोर विद्यार्थियों पर फोकस किया जाएगा।
प्रशिक्षण के दौरान भाषा एवं गणित विषय से संबंधित विभिन्न गतिविधियों पर विस्तार से चर्चा की गई। शिक्षकों को बच्चों की सीखने की क्षमता बढ़ाने, कक्षा शिक्षण को अधिक रोचक एवं प्रभावी बनाने तथा गतिविधि आधारित शिक्षण पद्धति अपनाकर बेहतर शैक्षणिक परिणाम प्राप्त करने के उपाय भी बताए गए।
उपस्थित शिक्षकों एवं प्रधानाध्यापकों ने प्रशिक्षण को उपयोगी बताते हुए कहा कि इससे विद्यालयों में एफएलएन गतिविधियों के सफल संचालन तथा बच्चों के सर्वांगीण विकास में सहायता मिलेगी। प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रखंड के सभी प्राथमिक एवं मध्य विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों के अलावा धर्मराज जी, नीतीश जी सहित अन्य शिक्षा कर्मी एवं प्रशिक्षक मौजूद रहे।

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